जरूर जाने कौन हैं NBFC कम्पनियाँ | क्या है NBFC का पूरा नाम

NBFC Full Form in Hindi – (Non Banking Financial Company) गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनी

एनबीएफसी के बारे में आज हम आपको बता रहे हैं जैसे की NBFC Full Form कौन NBFC Company  है, एनबीएफसी को कौन संचालित अथवा रेगुलेट करता है इसके लिए क्या कानून हैं, क्या बैंक और गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियां  एनबीएफसी के समान हैं? इस लेख मे NBFC Company  की पूरी जानकारी दी गई है आप इसे ध्यानपूर्वक पढ़ें. NBFC Full Form – (Non-Banking Financial Company) गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनी एनबीएफसी का पूरा नाम है।

गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (NBFC)- Non Banking Financial Company भारत के कंपनी अधिनियम, 2013 के अंतर्गत पंजीकृत एक कंपनी है, जो ऋण और अग्रिम, शेयरों के अधिग्रहण, स्टॉक, बांड, किराया-खरीद , बीमा व्यवसाय या चिट-फंड व्यवसाय में लगी हुई है, लेकिन इसमें ऐसी कोई संस्था शामिल नहीं है जिसका मुख्य व्यवसाय कृषि, औद्योगिक गतिविधि, किसी भी सामान की खरीद या बिक्री (प्रतिभूतियों के अलावा) या कोई सेवा प्रदान करना और अचल संपत्ति की खरीद-बिक्री, तथा निर्माण करना है।

जाने पूरी जानकारी KYC के बारे में

NBFC Company का संचालन

एनबीएफसी के कामकाज और संचालन को भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के द्वारा भारतीय रिजर्व बैंक अधिनियम, 1934 के रेगुलेशन के आधार पर नियंत्रित किया जाता है। अब यंहा आपके मन में एक प्रश्न होगा की RBI तो बैंक है तो RBI एनबीएफसी कंपनी को क्यूँ रेगुलेट करता है, RBI बैंको का बैंक है और अधिनियम 1934 रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया को यह पावर देता है की भारत में सभी NBFC Company को  भारतीय रिजर्व बैंक संचालित करेगा।

चूंकि बैंक भारत में वित्तीय व्यवसाय की जरूरतों के हर कोने तक पहुंचने में सक्षम नहीं हैं, गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एनबीएफसी) भारतीय अर्थव्यवस्था के वित्तीय क्षेत्र में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसीलिए, पिछले कुछ वर्षों से अथवा COVID-19 के कारण भारत में वित्तीय कंपनियों के पतन से भारतीय अर्थव्यवस्था में गिरावट आ रही है।

एनबीएफसी क्या है? बैंक और NBFC Company में क्या अंतर है?

NBFC-ke-type

एनबीएफसी  ऋण देना और अग्रिम, शेयरों के अधिग्रहण, स्टॉक, बांड, किराया-खरीद , बीमा व्यवसाय या चिट-फंड व्यवसाय में लगी हुई इस प्रकार की कपंनियाँ एनबीएफसी कंपनी कही जाती है, तथा बैंक एनबीएफसी कंपनी से इस प्रकार अलग है बैंक जमा और ऋण देना काम करते हैं NBFC Company जमा एक्सेप्ट नहीं करती है इस प्रकार से दोनों अलग हैं।

Type of NBFC एनबीएफसी के प्रकार | NBFC Full Form- Non Banking Financial Company

1) निवेश कंपनी

2) ऋण कंपनी

3) इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस कंपनी

4) संपत्ति और बीमा कंपनी

5) संपत्ति  फाइनेंस कंपनी

6) पुनर्बीमा कंपनी

7) विशेष बीमा कंपनी

8) पेंशन फंड कंपनी

9) म्युचुअल फंड कंपनी

10) मनी-मार्केट फंड कंपनी

11) निजी चिट फंड कंपनी

12) वेंचर कैपिटल फंड्स

13) ब्रोकर-डीलर संस्थान

14) प्रतिभूति व्यापारी और दलाल संस्थान

15) रियल एस्टेट ऋणदाता कंपनियां

 16) लीजिंग कंपनियाँ

17) निवेश बैंकिंग कंपनियां

18) क्रेडिट रेटिंग एजेंसियां

19) प्रबंधन परामर्श कंपनियाँ

NBFC Company  के बारे में अक्सर पूछे जाने वाले 5 महत्वपूर्ण प्रश्न

1) भारत में एनबीएफसी को कौन कण्ट्रोल करता है

भारतीय रिज़र्व बैंक के गैर-बैंकिंग पर्यवेक्षण विभाग (DNBS) को भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 के अध्याय 3 बी और सी और अध्याय 5 के – प्रावधानों के तहत एनबीएफसी के विनियमन और पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी दी गई है।

2) एनबीएफसी कंपनी का क्या मतलब है

गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (NBFC) कंपनी अधिनियम, 1956 के तहत पंजीकृत एक कंपनी है जो ऋण और अग्रिम के कारोबार में लगी हुई है.

3) कौन एनबीएफसी कंपनी है

हमारे देश में बड़ी संख्या में एनबीएफसी काम कर रही हैं, लेकिन भारत में मौजूदा शीर्ष 7 एनबीएफसी पर एक नजर है।

एचडीबी फाइनेंस सर्विसेज।

पावर फाइनेंस कॉर्पोरेशन लिमिटेड।

बजाज फाइनेंस लिमिटेड।

महिंद्रा एंड महिंद्रा फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड।

श्रीराम ट्रांसपोर्ट फाइनेंस कंपनी लिमिटेड।

मुथूट फाइनेंस लिमिटेड

4) एनबीएफसी कंपनी के पास पैसा कहा से आता है

अन्य वित्तीय संस्थानों से उधार लेना। गैर-चेक-योग्य जमाराशियां स्वीकार करना, अधिकतर सावधि जमाराशियां। हालांकि, यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि सभी एनबीएफसी को जमा स्वीकार करने की अनुमति नहीं है, क्योंकि इससे RBI द्वारा जारी नियमों की बड़ी संख्या का अनुपालन होता है।

5) NBFC क्या है और इसके प्रकार

विभिन्न प्रकार की एनबीएफसी Assets फाइनेंस कंपनी, इन्वेस्टमेंट कंपनी, इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस कंपनी, हाउसिंग फाइनेंस कंपनी, माइक्रो फाइनेंस कंपनी आदि हैं। आम आदमी के लिए, एनबीएफसी वित्तीय कंपनियां हैं जो एक अलग तरह की बैंकिंग सेवाएं प्रदान करती हैं, लेकिन बैंकिंग लाइसेंस नहीं है

निष्कर्ष

उपरोक्त जानकारी रिज़र्व बैंक द्वारा ऑफ़ इंडिया भारत में गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों से संबंधित महत्वपूर्ण प्रश्नों का संक्षिप्त विवरण देता है और पूर्ण  रूप से सूचना के उद्देश्य के लिए है। किसी भी मामले में, लेखक किसी भी प्रत्यक्ष, अप्रत्यक्ष, विशेष या आकस्मिक क्षति के लिए उत्तरदायी नहीं होगा।

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